राजपथ की दौड़ से बाहर 'सिंहस्थ"आदिवासी संस्कृति आ सकती है नजर

 


भोपाल,दोपहर मेट्रो।रक्षा मंत्रालय की समिति ने गणतंत्र दिवस की परेड में झांकी के लिये मप्र सरकार द्वारा सुझाई गई सिंहस्थ थीम को खारिज कर दिया है।मप्र सरकार द्वारा भेजे गये चार अन्य प्रस्तावों में से स्टेट ट्राइबल म्यूजियम की थीम को प्रारंभिक तौर पर स्वीकृत किया गया है। यदि इसे अंतिम मंजूरी मिली तो दिल्ली के राजपथ में मप्र की आदिवासी संस्कृति और परंपराओं के रंग देखने को मिल सकते हैं।


जानकार सूत्रों के मुताबिक ट्राइबल म्यूजियम की झांकी के संबंध्ा में रक्षा समिति ने पांच नवंबर को विस्तृत प्रेजेंटेशन देने के लिये कहा है इस बैठक में उप्र समेत आध्ाा दर्जन अन्य राज्यों को भी प्रेजेंटेशन के लिये बुलाया गया है। यदि मप्र को हरी झंडी मिली तो भोपाल स्थित स्टेट ट्राइबल म्यूजियम की प्रतिकृति को राजपथ पर आने का मौका मिलेगा।मप्र सरकार ने सिहस्थ व ट्राइबल म्यूजियम के साथ टंट्या भील,नदी संरक्षण और बांध्ावगढ नेशनल पार्क की झांकी का भी प्रस्ताव दिया था।खास बात यह है कि भाजपा शासनकाल में मप्र में आयोजित होते रहे सिंहस्थ की अब कांग्रेस सरकार द्वारा 'ब्रांडिंग" को कांग्रेस के ही गलियारों में आश्चर्य से देखा जा रहा था।